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शनिवार, 14 मार्च 2015

केवल मेरा दुख (Kewal mera dukh by Sanjay Shandilya)


सबका दुख है 
मेरा दुख
बहुत घनेरा दुख

मेरा दुख तो 
मेरा दुख
केवल मेरा दुख l


कवि - संजय शांडिल्य 
संकलन - उदय-वेला 
प्रकाशक - प्रकाशन संस्थान, दिल्ली, 2014 

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